रायपुर, 5 अगस्त 2025। छत्तीसगढ़ सरकार ने भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के 10 अधिकारियों के कार्य प्रभार में बड़ा फेरबदल करते हुए कई वरिष्ठ अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी हैं। इस तबादले सूची में कुछ अधिकारियों को उनके वर्तमान पद के साथ अतिरिक्त प्रभार दिया गया है, जबकि कुछ अधिकारियों को पूर्ववर्ती दायित्वों से मुक्त कर अन्य पदस्थापनाएं की गई हैं। फेरबदल का यह निर्णय प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से लिया गया है।
🟠 रवि मित्तल को मुख्यमंत्री सचिवालय में अहम जिम्मेदारी
वर्तमान में जनसंपर्क आयुक्त के पद पर कार्यरत आईएएस रवि मित्तल को मुख्यमंत्री सचिवालय में संयुक्त सचिव का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। उन्हें यह दायित्व अस्थायी रूप से दिया गया है। वे अब तीन प्रमुख जिम्मेदारियां संभालेंगे:
- संयुक्त सचिव, मुख्यमंत्री सचिवालय (अस्थायी पदस्थापना)
- आयुक्त, जनसंपर्क विभाग
- मुख्य कार्यपालन अधिकारी, संवाद
🟢 रितेश अग्रवाल बने CGMSC के नए एमडी
आईएएस रितेश कुमार अग्रवाल, जो अब तक संचालक कोष एवं लेखा, संचालक पेंशन, तथा पंजीयक फर्म एवं संस्थाएं के रूप में कार्यरत थे, को अब छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कॉरपोरेशन (CGMSC) रायपुर का प्रबंध संचालक नियुक्त किया गया है।
उनकी पूर्व जिम्मेदारी को अब आईएएस पद्मिनी भोई साहू संभालेंगी, जिन्हें:
- संचालक, कोष एवं लेखा
- अतिरिक्त प्रभार: संचालक पेंशन और पंजीयक, फर्म एवं संस्थाएं
सौंपा गया है।
🔵 रीना कंगाले को राजस्व विभाग का अतिरिक्त प्रभार

वर्तमान में खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की सचिव आईएएस रीना बाबा साहेब कंगाले को अब अतिरिक्त रूप से निम्न दायित्व सौंपे गए हैं:
- सचिव, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग
- पदेन राहत एवं पुनर्वास आयुक्त
- आयुक्त, भू-अभिलेख
उनकी यह पदस्थापना राज्य के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन कार्यों में अनुभव आधारित मजबूती लाएगी।
अविनाश चंपावत को मिला जीएडी सचिव का स्थायी दायित्व
आईएएस अविनाश चंपावत, जो पहले राजस्व, पुनर्वास, सामान्य प्रशासन और जन शिकायत निवारण विभाग में सचिव के रूप में कार्यरत थे, को अब:
- सचिव, सामान्य प्रशासन विभाग (स्थायी पदस्थापना)
- अतिरिक्त प्रभार: सचिव, जन शिकायत निवारण विभाग
का कार्य सौंपा गया है।
अन्य अधिकारियों में भी हुए फेरबदल
सूत्रों के अनुसार प्रशासनिक सुधार की दृष्टि से अन्य अधिकारियों की भी जिम्मेदारियों में बदलाव किया गया है, जिसकी विस्तृत सूची राज्य शासन की आधिकारिक अधिसूचना में उपलब्ध है। यह फेरबदल राज्य की नीति-निर्माण, स्वास्थ्य सेवाएं, और नागरिक सुविधा व्यवस्थाओं को और अधिक सशक्त करने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
विशेष: इस फेरबदल से प्रशासनिक कार्यप्रणाली में दक्षता, पारदर्शिता और जवाबदेही को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।



