
चंडीगढ़/लुधियाना। पंजाब के मुख्यमंत्री को जहर देने की कथित साजिश को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल एक पोस्ट नेहड़कंप मचा दिया। व्हाट्सऐप और फेसबुक पर तेजी से फैल रहे मैसेज में दावा किया गया कि मुख्यमंत्री के खाने में जहर मिलाने की कोशिश की गई है। हालांकि देर शाम तक प्रशासन की ओर से ऐसी किसी घटना की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई।
सूत्रों के मुताबिक वायरल संदेश में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए “अंदरूनी साजिश” की बात कही गई थी। मामला सामने आने के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर आ गईं और इंटेलिजेंस विंग ने पोस्ट की सत्यता की जांच शुरू कर दी है।
सुरक्षा एजेंसियां सतर्क, सीएम कार्यालय ने कहा– कोई आधिकारिक सूचना नहीं
भगवंत मान के कार्यालय से जुड़े सूत्रों ने बताया कि मुख्यमंत्री पूरी तरह सुरक्षित हैं और उनके स्वास्थ्य को लेकर किसी तरह की आपात स्थिति नहीं है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि फिलहाल “जहर देने” जैसी किसी घटना की पुष्टि नहीं हुई है।
पुलिस अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि अपुष्ट खबरों और भ्रामक संदेशों को शेयर न करें। साइबर सेल वायरल पोस्ट के स्रोत की पड़ताल कर रही है। शुरुआती जांच में यह भी आशंका जताई जा रही है कि यह किसी शरारती तत्व द्वारा फैलाया गया फर्जी संदेश हो सकता है।
विपक्ष ने मांगी स्पष्टीकरण, सरकार ने कहा– राजनीति न करें
विपक्षी दलों ने मामले पर सरकार से स्पष्ट बयान देने की मांग की है। वहीं सत्ताधारी दल के नेताओं ने इसे “बिना आधार की अफवाह” बताया है। राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज है, लेकिन प्रशासनिक स्तर पर अभी तक किसी भी तरह की साजिश की पुष्टि नहीं हुई है।
पहले भी वायरल हो चुकी हैं भ्रामक खबरें
विशेषज्ञों का कहना है कि चुनावी और राजनीतिक माहौल में इस तरह की अफवाहें तेजी से फैलती हैं, जिससे अनावश्यक दहशत का माहौल बनता है। पुलिस ने चेतावनी दी है कि फर्जी खबर फैलाने वालों के खिलाफ आईटी एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
क्या करें?
किसी भी अपुष्ट खबर को आगे न बढ़ाएं।
केवल आधिकारिक बयान और विश्वसनीय स्रोतों पर भरोसा करें।
संदिग्ध मैसेज की जानकारी स्थानीय पुलिस या साइबर सेल को दें।
नोट: इस खबर के प्रकाशन तक मुख्यमंत्री को जहर देने की किसी भी घटना की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। जांच जारी है।



