बिलासपुर।नया श्रमिक कानून लागू करते समय केंद्रीय श्रम मंत्री मनसुख मांडवीया ने जो दावा किया है वह सारी बातें हवा हवाई है श्रमिकों के हित के लिए लड़ने वाले श्रमिक संगठनों का निर्माण ना हो सके ऐसे सभी कानून केंद्र की मोदी सरकार ने पास किया श्रमिकों के लिए लड़ने वाले सभी संगठन का गला घोटकर लगभग उन्हें समाप्त कर आज श्रम कानून लागू कर श्रमिक क्षेत्र का भला करने की बात कर रही है केंद्र सरकार जो पूरी तरह से कपोल कल्पित बातें हैं वर्तमान कानून केवल और केवल श्रमिकों का शोषण करने के लिए बनाया गया है उद्योग केंद्र सरकार के अधीन हो या राज्य सरकार के न्यूनतम मजदूरी भी मजदूरों को नहीं दी जाती कार्य स्थल पर 8 घंटे से ज्यादा 12 घंटे और 16 घंटे बधुआ मजदूर की तरह काम लिया जा रहा है मजदूरों को सुरक्षा की कोई गारंटी नहीं है लगातार औद्योगिक दुर्घटनाएं और मजदूरों की हो रही मौत के आंकड़े यह बताने के लिए पर्याप्त हैं कि मालिकों को पूरी छूट दी गई है और श्रमिकों के लिए कोई कानून पास नहीं किया गया है केंद्र सरकार के श्रम नीति मजदूर विरोधी नीति है जिसके लिए श्रमिक संगठनों को इसके खिलाफ लड़ना होगा श्रम कानून लागू होने पर उक्त प्रतिक्रिया रेलवे कामगार मजदूर यूनियन के संरक्षक प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता अभय नारायण राय ने प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कही।
नया श्रम कानून श्रमिकों का शोषण करने के लिए श्रम अधिकारों के लिए लड़ने वाली श्रमिक संगठनों का गला घोट कर नए कानून मे श्रमिक हित की बात कर रही है केंद्र सरकार : अभय नारायण राय
Mohammed Israil
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शिक्षाः बीए, बैचलर आफ “जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन। वर्ष 1996 से लोकस्वर से पत्रकारिता की शुरुआत। दैनिक भास्कर , देशबंधु, स्वदेश में बतौर सिटी रिपोर्टर और सब एडिटर काम किया। 2007 से 2022 तक नईदुनिया में डिप्टी न्यूज एडिटर , इनपुट हेड, सिटी चीफ , सीनियर सिटी रिपोर्टर के पद पर कार्य का लंबा अनुभव। वर्तमान में संपादक, न्यूज़ डॉन छत्तीसगढ़।