SP तक पहुंची शिकायत के बाद एक्शन मोड में आई पुलिस… गांव में दादागिरी दिखाने वाले आरोपी हथियारों समेत गिरफ्तार; पचपेड़ी में पुलिस ने दिखाई सख्ती तो थर्राए हमलावर
बिलासपुर। पचपेड़ी में मामूली बाइक टक्कर को खूनी हमले में बदलकर सड़क पर दहशत फैलाने वाले आरोपियों पर आखिरकार पुलिस का डंडा भारी पड़ गया। बेल्ट, लाठी, डंडा, पेचकस, लोहे की वस्तु और ईंट से हमला कर युवकों को लहूलुहान करने वाले आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने ऐसा शिकंजा कसा कि पूरे इलाके में इसकी चर्चा होने लगी।
पुलिस कप्तान तक शिकायत पहुंचने के बाद पचपेड़ी पुलिस पूरी तरह एक्शन मोड में आ गई। जिन आरोपियों ने दिनदहाड़े सड़क पर गुंडागर्दी दिखाकर लोगों में खौफ फैलाने की कोशिश की थी, उन्हीं आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर गांव में जुलूस निकालते हुए थाने तक पहुंचाया। इस दौरान इलाके में भारी पुलिस बल तैनात रहा और पूरे घटनाक्रम को देखने लोगों की भीड़ जुट गई।
घटना 17 मई की दोपहर की है। दशगात्र कार्यक्रम में महिलाओं को सूचना देने निकले युवकों पर पहले बाइक टक्कर मारी गई और फिर विवाद बढ़ने पर आरोपियों ने सामूहिक हमला कर दिया। सड़क पर अचानक शुरू हुई मारपीट कुछ ही मिनटों में खूनी संघर्ष में बदल गई।
पुलिस जांच में सामने आया कि बादल जांगड़े ने तेज रफ्तार बाइक से सामने से टक्कर मार दी थी। जब युवकों ने धीरे बाइक चलाने की बात कही तो आरोपी आगबबूला हो गया और बेल्ट निकालकर मारपीट शुरू कर दी। इसके बाद उसके समर्थन में परिवार और साथी भी मौके पर पहुंच गए। देखते ही देखते पूरा समूह लाठी-डंडा, लोहे की वस्तु, बेल्ट, पेचकस और ईंट लेकर टूट पड़ा।
हमले में कई युवकों के सिर, चेहरा, कान और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। बीच-बचाव करने वालों को भी नहीं छोड़ा गया। घायल युवकों को सिम्स अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। घटना के बाद इलाके में तनाव फैल गया था और ग्रामीणों के बीच भय का माहौल बन गया था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने अपराध क्रमांक 144/2026 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता की गंभीर धाराओं के तहत केस कायम किया। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया, गवाहों के बयान दर्ज किए और हमले में इस्तेमाल हथियारों की तलाश शुरू की।
इसके बाद पुलिस ने ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए 7 आरोपियों और 2 नाबालिगों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों में बादल जांगड़े, सरोज जांगड़े, विक्की जांगड़े, तुलसी जांगड़े, ललित जांगड़े, शैलेन्द्र जांगड़े और इतवारी जांगड़े शामिल हैं। सभी आरोपी पचपेड़ी क्षेत्र के निवासी बताए गए हैं।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से ईंट का टुकड़ा, बेल्ट, पेचकस और डंडा भी जब्त किया। गिरफ्तारी के बाद आरोपियों का गांव में जुलूस निकाला गया, जिससे इलाके में साफ संदेश गया कि सड़क पर कानून हाथ में लेने और सामूहिक हमला करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
पूरे घटनाक्रम के दौरान पुलिस ने आरोपियों को पैदल ले जाकर पूछताछ की और फिर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया। ग्रामीणों के बीच सबसे ज्यादा चर्चा इसी बात को लेकर रही कि जिस अंदाज में आरोपियों ने सड़क पर दहशत फैलाने की कोशिश की थी, उसी अंदाज में पुलिस ने भी सख्त कार्रवाई कर उनके हौसले तोड़ दिए।
पचपेड़ी की इस कार्रवाई को इलाके में बढ़ती गुंडागर्दी और सामूहिक हमलों के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई के तौर पर देखा जा रहा है। घटना के बाद गांव और आसपास के क्षेत्रों में पुलिस की सक्रियता भी बढ़ा दी गई है।

