मो इसराइल
बिलासपुर। नगर पालिक निगम द्वारा पुलिस ग्राउंड में आयोजित सार्वजनिक दशहरा महोत्सव में इस वर्ष भक्त और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला। मुख्य अतिथि विधायक अमर अग्रवाल ने 70 फीट ऊँचे रावण का दहन कर पर्व की शुरुआत की। कार्यक्रम की शोभा बढ़ाने के लिए प्रभु श्रीराम के छायाचित्र और झांकी में बने श्रीराम दरबार का विधायक ने पूजन-अर्चन किया।



दशहरा महोत्सव में हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। विधायक अमर अग्रवाल ने उपस्थित लोगों को दशहरा पर्व की शुभकामनाएँ देते हुए कहा,“हमारे जीवन में प्रभु श्रीराम आदर्श हैं। उनके बताए मार्ग पर चहम न केवल अपने जीवन को संवार सकते हैं, बल्कि समाज और देश के विकास में भी योगदान दे सकते हैं। यह हमारा सौभाग्य है कि हमने प्रभु श्रीराम को पुनः अयोध्या में विराजमान होते देखा। आइए हम संकल्प लें कि उनके मार्ग पर चलते हुए 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने में अपना योगदान दें।”
परंपरा अनुसार दोपहर 3 बजे तिलक नगर स्थित श्रीराम मंदिर से प्रभु श्रीराम, माता जानकी और लक्ष्मण की झांकी निकाली गई। यह झांकी शहर के प्रमुख मार्गों से होकर पुलिस ग्राउंड तक पहुँची, जहां भक्तों ने पुष्पवर्षा और जयघोष के साथ स्वागत किया।
रावण दहन के समय भव्य आतिशबाजी ने पूरे पुलिस ग्राउंड को सतरंगी रोशनी से सजाया। बच्चों और बड़ों ने इस दृश्य का आनंद लिया और पूरे उत्सव में उल्लास का माहौल बना रहा।
मुख्य आकर्षण
- विधायक अमर अग्रवाल ने 70 फीट ऊँचे रावण का किया दहन
- भव्य आतिशबाजी और सतरंगी रोशनी
- झांकी में प्रभु श्रीराम, माता जानकी और लक्ष्मण का दरबार
- हजारों भक्तों की उपस्थिति और पुष्पवर्षा
🔸 विधायक का संदेश
- जीवन में प्रभु श्रीराम को आदर्श मानकर चलें
- उनके मार्ग पर चलकर समाज, परिवार और राष्ट्र का विकास करें
- 2047 तक विकसित भारत बनाने का संकल्प
🔸 झांकी विवरण
- समय: दोपहर 3 बजे
- स्थान: तिलक नगर स्थित श्रीराम मंदिर
- विवरण: राम, जानकी और लक्ष्मण की झांकी शहर के मुख्य मार्गों से होकर पुलिस ग्राउंड तक पहुँची
🔸 आतिशबाजी का आकर्षण
- रावण दहन के समय भव्य सतरंगी आतिशबाजी
- बच्चों और बड़ों ने आनंद लिया
- पूरे कार्यक्रम को यादगार बनाया
यादगार बना पल
सार्वजनिक दशहरा महोत्सव ने बिलासपुर में भक्ति, उल्लास और उत्सव का अनोखा संगम प्रस्तुत किया। विधायक अमर अग्रवाल का मार्गदर्शन, राम मंदिर से निकली झांकी और भव्य रावण दहन ने इस पर्व को यादगार बना दिया।



