मो इसराइल बबलू
बिलासपुर। जिले के लोकप्रिय कांग्रेस नेता, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के राष्ट्रीय समन्वयक एवं उत्तर प्रदेश व गुजरात प्रदेश प्रभारी श्री त्रिलोक चंद्र श्रीवास ने इस वर्ष भी परंपरा निभाते हुए नवरात्रि पर्व पर जिलेभर में आयोजित धार्मिक आयोजनों में व्यापक रूप से भाग लिया। बेलतरा, बिल्हा, मस्तूरी और बिलासपुर विधानसभा क्षेत्र में आयोजित 300 से अधिक दुर्गा पूजन, माता चौरा, ठाकुर देव मंदिरों में पूजन-अर्चन, रास-गरबा, डांडिया और जागराता कार्यक्रमों में वे सम्मिलित हुए। हर स्थल पर उनका भव्य व आतिशी स्वागत किया गया, जहां सैकड़ों श्रद्धालु व स्थानीय नागरिक बड़ी संख्या में मौजूद रहे।



नवरात्रि पर्व पर जिले का माहौल भक्ति और उल्लास से सराबोर रहा। इसी क्रम में कांग्रेस नेता त्रिलोक चंद्र श्रीवास का कार्यक्रमों में शामिल होना श्रद्धालुओं और नागरिकों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बना।
लगातार एक सप्ताह तक उन्होंने जिले के चारों विधानसभा क्षेत्रों – बेलतरा, बिल्हा, मस्तूरी और बिलासपुर – में घूम-घूमकर विभिन्न धार्मिक आयोजनों में उपस्थिति दी। माता चौरा, ठाकुर देव मंदिरों के दुर्गा पूजन सहित नवरात्रि पर्व पर आयोजित रास-गरबा, डांडिया और जगराता कार्यक्रमों में वे श्रद्धालुओं के बीच पहुंचे।
जहां भी श्रीवास पहुंचे, वहां लोगों ने उनका जोरदार स्वागत किया। सैकड़ों की संख्या में नागरिक मौजूद रहकर फूल-मालाओं से स्वागत कर उनके प्रति आभार व्यक्त करते दिखे। स्थानीय लोगों ने उन्हें ‘जनता के सच्चे नेता’ बताते हुए आशीर्वाद दिया।
परंपरा का निर्वहन :
विदित हो कि श्री त्रिलोक श्रीवास बीते 25 वर्षों से नवरात्रि पर्व पर जिले के हर आमंत्रण को स्वीकार करते हुए कार्यक्रमों में शामिल होते आ रहे हैं। इस दौरान वे हजारों श्रद्धालुओं से मिलकर संवाद करते हैं और जन-जन का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं।
इस वर्ष भी परंपरा के अनुरूप उन्होंने विभिन्न स्थानों पर जाकर धार्मिक आयोजनों की शोभा बढ़ाई और भक्तों से आत्मीय मुलाकात की।
त्रिलोक श्रीवास की नवरात्रि यात्रा – 2025
- कुल कार्यक्रमों में सहभागिता : 300 से अधिक
- क्षेत्र : बेलतरा, बिल्हा, मस्तूरी व बिलासपुर विधानसभा
- कार्यक्रम : दुर्गा पूजन, माता चौरा, ठाकुर देव मंदिर पूजन, रास-गरबा, डांडिया, जगराता
- विशेषता : हर स्थान पर हुआ आतिशी स्वागत, सैकड़ों लोगों की उपस्थिति
- परंपरा : पिछले 25 वर्षों से नवरात्रि में आमंत्रण पाकर शामिल होते रहे हैं
समापन :
त्रिलोक श्रीवास का यह धार्मिक और सामाजिक जुड़ाव जिले के लोगों के बीच उनकी लोकप्रियता का प्रमाण है। नवरात्रि के अवसर पर उनका लगातार 300 से अधिक आयोजनों में शामिल होना, जनता-जनार्दन से मिलना और आशीर्वाद प्राप्त करना उनके जनसंपर्क और सहज मिलनसार छवि को और मजबूत करता है।



