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छत्तीसगढ़ … पेट की झिल्ली के कैंसर में मध्य भारत की पहली उपलब्धि: रायपुर मेडिकल कॉलेज में PIPAC तकनीक से सफल उपचार, मरीज ने पूरे किए तीन सत्र

Mohammed Israil
Mohammed Israil  - Editor
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Mohammed israil


रायपुर, बिलासपुर।छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर स्थित डॉ. भीमराव अंबेडकर अस्पताल ने कैंसर उपचार में एक ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज की है। पंडित नेहरू स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय से संबद्ध क्षेत्रीय कैंसर संस्थान में पेट की झिल्ली के कैंसर से पीड़ित एक महिला का अत्याधुनिक PIPAC तकनीक से सफल उपचार किया गया, जिसमें मरीज ने तीनों सत्र पूर्ण किए। यह मध्य भारत के किसी भी सरकारी अस्पताल में पहली बार हुआ है, जिससे गंभीर कैंसर रोगियों के लिए नई उम्मीद जगी है।


1: क्या है PIPAC तकनीक और कैसे करता है काम?

PIPAC (Pressurized Intraperitoneal Aerosol Chemotherapy) एक नई और अत्याधुनिक कीमोथेरेपी तकनीक है, जिसमें कीमो की दवाएं एयरोसोल (fine mist) के रूप में दबाव सहित पेट की गुहा में डाली जाती हैं। यह प्रक्रिया दो छोटे चीरे के माध्यम से की जाती है।

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Mohammed israil रायपुर, बिलासपुर।छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर स्थित डॉ. भीमराव अंबेडकर अस्पताल ने कैंसर उपचार में एक ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज की है। पंडित नेहरू स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय से संबद्ध क्षेत्रीय कैंसर संस्थान में पेट की झिल्ली के कैंसर से पीड़ित एक महिला का अत्याधुनिक PIPAC तकनीक से सफल उपचार किया गया, जिसमें मरीज ने तीनों सत्र पूर्ण किए। यह मध्य भारत के किसी भी सरकारी अस्पताल में पहली बार हुआ है, जिससे गंभीर कैंसर रोगियों के लिए नई उम्मीद जगी है।1: क्या है PIPAC तकनीक और कैसे करता है काम?2: कैंसर की मुख्य वजहें, लक्षण और आधुनिक उपचार🔍 कैंसर की संभावित वजहें:लक्षण जो नजरअंदाज न करें: उपचार की वर्तमान विधियां:3: भारत में कैंसर की स्थिति और इलाज की सुविधाएंभारत में कैंसर से जुड़ी प्रमुख जानकारी (2024 अनुमान अनुसार): PIPAC जैसी तकनीक कहां-कहां उपलब्ध: विशेषज्ञों की राय:क्या है PIPAC तकनीक एक नई उम्मीद जगी

🔹 मुख्य विशेषताएं:

  • दवा सीधे कैंसर कोशिकाओं तक पहुंचती है
  • पूरे शरीर पर दवा का दुष्प्रभाव नहीं पड़ता
  • पारंपरिक सर्जरी की तुलना में मरीज को कम परेशानी
  • कैंसर के बढ़े हुए मामलों में यह तकनीक प्रभावी

डॉ. आशुतोष गुप्ता (सर्जिकल ऑन्कोलॉजी विभाग) के अनुसार, PIPAC उन मरीजों के लिए कारगर है जिनमें सामान्य कीमोथैरेपी असफल हो जाती है।


2: कैंसर की मुख्य वजहें, लक्षण और आधुनिक उपचार

🔍 कैंसर की संभावित वजहें:

  • अनुवांशिक कारण
  • धूम्रपान, शराब का सेवन
  • अस्वस्थ खानपान व मोटापा
  • वायरल संक्रमण (जैसे HPV, Hepatitis B/C)
  • रेडिएशन और पर्यावरणीय कारक

लक्षण जो नजरअंदाज न करें:

  • अचानक वजन घटना
  • लगातार थकान रहना
  • शरीर में गांठ या सूजन
  • असामान्य रक्तस्राव
  • लगातार खांसी या आवाज बैठना
  • अपच, भूख न लगना

उपचार की वर्तमान विधियां:

तकनीक विवरण कीमोथेरेपी शरीर में दवा पहुंचाकर कैंसर कोशिकाएं खत्म करना रेडियोथेरेपी कैंसर कोशिकाओं को नष्ट करने के लिए रेडिएशन सर्जरी कैंसर ग्रसित भाग को हटाना इम्यूनोथेरेपी रोग प्रतिरोधक तंत्र को मजबूत बनाना PIPAC पेट की झिल्ली में बढ़े हुए कैंसर के लिए नवीन पद्धति


3: भारत में कैंसर की स्थिति और इलाज की सुविधाएं

भारत में कैंसर से जुड़ी प्रमुख जानकारी (2024 अनुमान अनुसार):

  • हर साल 14 लाख से अधिक नए कैंसर केस
  • पेट का कैंसर (Gastric/Peritoneal): कुल कैंसर मामलों का लगभग 5-6%
  • महिलाओं में अंडाशय और गर्भाशय से जुड़ा पेरीटोनियल कैंसर तेजी से बढ़ रहा है

PIPAC जैसी तकनीक कहां-कहां उपलब्ध:

संस्थान स्थान एम्स दिल्ली, भोपाल, नागपुर आदि टाटा मेमोरियल हॉस्पिटल मुंबई अपोलो कैंसर सेंटर चेन्नई, हैदराबाद पं. नेहरू स्मृति चिकित्सालय रायपुर (छ.ग.) – अब मध्य भारत में पहली बार सफल प्रयोग


विशेषज्ञों की राय:

डॉ. विवेक चौधरी (डीन, रायपुर मेडिकल कॉलेज):
“यह उपलब्धि केवल तकनीकी नहीं, बल्कि समर्पित टीमवर्क और अनुभव का नतीजा है। यह हमारे राज्य के लिए गौरव की बात है।”

डॉ. संतोष सोनकर (अधीक्षक, डॉ. भीमराव अंबेडकर अस्पताल):
“तीन सत्रों तक PIPAC तकनीक से इलाज संभव कर पाना बड़ी उपलब्धि है। इससे कैंसर के गंभीर मरीजों को उम्मीद की नई किरण मिली है।”


क्या है PIPAC तकनीक

पहलू विवरण नाम PIPAC (Pressurized Intraperitoneal Aerosol Chemotherapy) उद्देश्य पेट की झिल्ली के कैंसर का लक्षित इलाज प्रक्रिया दबावयुक्त एयरोसोल के रूप में दवा प्रविष्ट कराना लाभ सीमित दुष्प्रभाव, अधिक प्रभावशीलता उपलब्धता सीमित केंद्रों पर रायपुर में उपलब्ध अब उपलब्ध – डॉ. अंबेडकर अस्पताल, रायपुर


एक नई उम्मीद जगी

मध्य भारत में अब गंभीर कैंसर रोगियों के लिए अत्याधुनिक PIPAC तकनीक के जरिये नई उम्मीद जगी है। रायपुर मेडिकल कॉलेज की यह उपलब्धि न केवल छत्तीसगढ़ बल्कि पूरे देश में कैंसर उपचार के क्षेत्र में एक मील का पत्थर साबित हो रही है।


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