





रतनपुर (बिलासपुर)। महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा को लेकर बिलासपुर पुलिस का बहुउद्देशीय ‘चेतना कार्यक्रम’ लगातार जारी है। इसी कड़ी में थाना रतनपुर पुलिस ने स्वामी आत्मानंद कन्या स्कूल में छात्राओं के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। कार्यक्रम में महिला एवं बाल सुरक्षा, साइबर अपराध, आत्मरक्षा, नशा मुक्ति और कानूनी अधिकारों जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से जानकारी दी गई।
यह कार्यक्रम वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एवं पुलिस उप महानिरीक्षक बिलासपुर रजनेश सिंह के निर्देशन में जिले में संचालित बहुउद्देशीय चेतना अभियान के तहत आयोजित किया गया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) मधुलिका सिंह तथा एसडीओपी कोटा नूपुर उपाध्याय के मार्गदर्शन में थाना रतनपुर पुलिस की टीम ने छात्राओं को अपराधों के प्रति जागरूक और सतर्क रहने का संदेश दिया।
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधिकारियों ने छात्राओं को गुड टच और बैड टच के बारे में विस्तार से समझाया। साथ ही POCSO Act (पॉक्सो अधिनियम) के प्रमुख प्रावधानों, बालिकाओं के अधिकारों और किसी भी प्रकार के शोषण या उत्पीड़न की स्थिति में तत्काल शिकायत करने के लिए प्रेरित किया।
महिला सुरक्षा से जुड़े विषयों पर छात्राओं को छेड़छाड़, घरेलू हिंसा, दहेज प्रताड़ना जैसे अपराधों से बचाव के उपाय बताए गए। साथ ही ऐसे मामलों में उपलब्ध कानूनी प्रावधानों और पुलिस सहायता लेने की प्रक्रिया की जानकारी भी दी गई।
बढ़ते साइबर अपराधों को देखते हुए छात्राओं को सोशल मीडिया का सुरक्षित उपयोग करने, ऑनलाइन फ्रॉड, साइबर बुलिंग, फर्जी लिंक, ओटीपी ठगी और अन्य साइबर अपराधों से बचाव के उपायों के बारे में विस्तार से समझाया गया। पुलिस ने डिजिटल दुनिया में सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तत्काल सूचना देने की सलाह दी।
कार्यक्रम में छात्राओं को आपातकालीन सहायता से जुड़े महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबरों की भी जानकारी दी गई। इनमें 112 (आपातकालीन सेवा), 1098 (चाइल्ड हेल्पलाइन), 181 (महिला हेल्पलाइन) तथा 100 (पुलिस सहायता) नंबरों का उपयोग कब और कैसे करना है, यह विस्तार से बताया गया।
आत्मरक्षा और आत्मविश्वास पर विशेष जोर देते हुए छात्राओं को विपरीत परिस्थितियों में घबराने के बजाय साहस के साथ अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने, सतर्क रहने और आवश्यकता पड़ने पर बिना किसी भय के अपनी आवाज उठाने के लिए प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान नशा मुक्ति और कानूनी जागरूकता पर भी विशेष चर्चा हुई। बच्चों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराते हुए सही और गलत के बीच अंतर समझाया गया तथा कानून का पालन करने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।
थाना रतनपुर पुलिस ने बताया कि इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य महिलाओं और बालिकाओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना, सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने की दिशा में उन्हें सजग बनाना तथा अपराधों के प्रति सतर्क और आत्मनिर्भर बनाना है। कार्यक्रम के माध्यम से छात्राओं को सशक्त, जागरूक और आत्मविश्वासी बनने का संदेश दिया गया।



