

शासकीय पट्टे की जमीन को निजी बताकर रकम लेने के मामले में दो आरोपी गिरफ्तार, नवरात्रि के दौरान विवाद के बाद मारपीट और तोड़फोड़ करने के आरोप में तीन युवक व एक नाबालिग हिरासत में; मंदिर चौक के पास धारदार चाकू के साथ विधि से संघर्षरत बालक पर भी कार्रवाई
बिलासपुर। शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए सिविल लाइन पुलिस ने तीन अलग-अलग मामलों में कार्रवाई की है। पहले मामले में शासकीय पट्टे की भूमि को अपनी बताकर बिक्री के नाम पर 45 लाख 21 हजार रुपये लेने और धोखाधड़ी करने के आरोप में दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। दूसरे मामले में नवरात्रि के दौरान दुर्गा पंडाल के पास शुरू हुए विवाद के बाद घर में घुसकर मारपीट और तोड़फोड़ करने के आरोप में तीन वयस्कों तथा एक विधि से संघर्षरत बालक के खिलाफ कार्रवाई की गई है। वहीं, तीसरे मामले में मंदिर चौक के पास धारदार चाकू लेकर घूम रहे एक नाबालिग को पकड़कर किशोर न्याय कानून के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की गई।
तीनों मामलों में पुलिस ने अलग-अलग स्तर पर कार्रवाई करते हुए आरोपियों को हिरासत में लिया। जमीन धोखाधड़ी और मारपीट के मामलों में आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है, जबकि चाकू के साथ पकड़े गए नाबालिग के विरुद्ध किशोर न्याय अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई की गई है।
केस-1 | शासकीय पट्टे की 20 एकड़ जमीन बेचने का सौदा, 45.21 लाख लेने के बाद भी नहीं हुई रजिस्ट्री
ऑनलाइन, आरटीजीएस और नकद में ली गई रकम; राजस्व न्यायालय में प्रकरण लंबित होने की जानकारी के बावजूद सौदा करने का आरोप, दो गिरफ्तार
बिलासपुर। जमीन खरीदने के लिए बड़ी रकम चुकाने के बाद भी रजिस्ट्री और सीमांकन नहीं हुआ। जब खरीदार ने जमीन के दस्तावेजों की पड़ताल की, तो उसे पता चला कि संबंधित भूमि शासकीय पट्टे की है और उसके संबंध में राजस्व न्यायालय में प्रकरण भी लंबित है। सिविल लाइन पुलिस ने इस मामले में धोखाधड़ी के आरोप में सैय्यद शमशाद अली और सोनू उर्फ चंद्रप्रकाश दुबे को गिरफ्तार किया है।
ऐसे सामने आया कथित जमीन घोटाला
पुलिस के अनुसार, सरकंडा क्षेत्र की विजयापुरम कॉलोनी निवासी दीपक सोनी ने 24 अक्टूबर 2026 को थाना सिविल लाइन में लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में बताया गया कि शमशाद अली और उसकी पत्नी कमरूनिशा के नाम पर ग्राम धमनी में महर्षि स्कूल रोड, मंगला स्थित नीता डेयरी और गीतांजलि पार्क के पहले कुल 20 एकड़ भूमि होने की जानकारी दी गई थी।
इस जमीन का सौदा सोनू उर्फ चंद्रप्रकाश दुबे के माध्यम से बातचीत के बाद तय हुआ। प्रार्थी के अनुसार, उसने अलग-अलग किस्तों में कुल 45,21,000 रुपये शमशाद अली और उसकी पत्नी कमरूनिशा को दिए। रकम का भुगतान ऑनलाइन, आरटीजीएस और नकद माध्यम से किया गया।
सौदे के बाद जब प्रार्थी ने जमीन का सीमांकन कराकर रजिस्ट्री करने के लिए कहा, तो उसे दस्तावेज तैयार कर रजिस्ट्री कराने का आश्वासन दिया गया। लेकिन काफी समय बीतने के बाद भी न तो सीमांकन कराया गया और न ही रजिस्ट्री हुई। जमीन से संबंधित दस्तावेज मांगने पर भी कथित तौर पर टालमटोल की जाती रही।
ऑनलाइन जांच में सामने आई शासकीय पट्टे की जमीन
शिकायत के मुताबिक, लगातार देरी होने पर प्रार्थी ने स्वयं ऑनलाइन रिकॉर्ड की जांच कराई। इसमें संबंधित जमीन शासकीय पट्टे की भूमि के रूप में सामने आई। इस संबंध में शमशाद अली और सोनू दुबे से पूछताछ करने पर उन्होंने रिकॉर्ड दुरुस्त नहीं होने के कारण जमीन शासकीय दिखाई देने की बात कही।
इसके बाद पुराने राजस्व रिकॉर्ड की जांच कराने पर पता चला कि संबंधित भूमि के संबंध में राजस्व न्यायालय में प्रकरण लंबित है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि इस जानकारी के बावजूद जमीन का सौदा किया गया और रकम लेकर उसके साथ धोखाधड़ी की गई।
पुलिस की रेड कार्रवाई, दोनों आरोपी गिरफ्तार
प्रार्थी की रिपोर्ट पर सिविल लाइन पुलिस ने अपराध क्रमांक 1472/2026 के तहत भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 467, 468, 471 और 120बी में मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की। मामले की जानकारी पुलिस उप महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बिलासपुर रजनेश सिंह को दी गई। उनके निर्देश पर टीम गठित कर आरोपियों की तलाश की गई और उनके निवास स्थानों पर दबिश देकर हिरासत में लिया गया।
पुलिस विज्ञप्ति के अनुसार, पूछताछ के बाद दोनों को 26 अक्टूबर 2026 को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया।
गिरफ्तार आरोपी
सैय्यद शमशाद अली, पिता सैय्यद अली, उम्र 71 वर्ष, निवासी शीतला मंदिर के पास, तालापारा, थाना सिविल लाइन, बिलासपुर।
सोनू उर्फ चंद्रप्रकाश दुबे, पिता स्वर्गीय विनोद कुमार दुबे, उम्र 42 वर्ष, निवासी कडार, थाना चकरभाठा, जिला बिलासपुर।
प्रकरण के प्रमुख तथ्य
जमीन का कुल रकबा: 20 एकड़।
कथित सौदे की रकम: 45,21,000 रुपये।
भुगतान के माध्यम: ऑनलाइन, आरटीजीएस और नकद।
शिकायत दर्ज होने की तारीख: 24 अक्टूबर 2026।
गिरफ्तारी की तारीख: 26 अक्टूबर 2026।
दर्ज धाराएं: 420, 467, 468, 471 और 120बी भादवि।

केस-2 | दुर्गा पंडाल के पास विवाद, फिर घर में घुसकर मारपीट और तोड़फोड़ का आरोप
नवरात्रि में शुरू हुआ विवाद घर तक पहुंचा; मोटरसाइकिल और दरवाजे को नुकसान पहुंचाने की शिकायत, तीन वयस्क और एक नाबालिग पर कार्रवाई
बिलासपुर। नवरात्रि के दौरान दुर्गा पंडाल में दर्शन करने गए युवक और उसके छोटे भाई के साथ विवाद होने के बाद मामला मारपीट और तोड़फोड़ तक पहुंच गया। शिकायत के मुताबिक, आरोपियों ने पहले पंडाल के पास दोनों भाइयों के साथ हाथ-मुक्कों और लात से मारपीट की। इसके बाद अपने अन्य साथियों के साथ घर में घुसकर शिकायतकर्ता और उसके परिजनों से मारपीट की तथा मोटरसाइकिल और घर के दरवाजे को क्षतिग्रस्त कर दिया।
सिविल लाइन पुलिस ने इस मामले में महेन्द्र उर्फ गोलू यादव, संकेत यादव, ओंकार यादव और एक विधि से संघर्षरत बालक को हिरासत में लेकर कार्रवाई की है।
20 अक्टूबर को दर्ज हुई शिकायत
पुलिस के अनुसार, मंगला के गोपी चौक राजाबाड़ा के पास यादव मोहल्ला निवासी शुभम यादव ने 20 अक्टूबर 2026 को थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि वह अपने छोटे भाई के साथ दुर्गा दर्शन के लिए पंडाल के पास गया था। वहां गोलू यादव और उसके भतीजे के साथ उसका विवाद हो गया।
आरोप है कि विवाद के दौरान शिकायतकर्ता और उसके भाई के साथ हाथ-मुक्कों तथा लात से मारपीट की गई। इसके बाद आरोपी अपने अन्य साथियों के साथ शिकायतकर्ता के घर में घुस गए और वहां उसके तथा उसके परिजनों के साथ मारपीट की। इस दौरान मोटरसाइकिल और घर के दरवाजे को भी तोड़कर नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया गया है।
शिकायत के आधार पर पुलिस ने अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की। घटना की जानकारी वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई, जिसके बाद आरोपियों की पतासाजी के लिए टीम गठित की गई।
26 अक्टूबर को चारों को हिरासत में लिया
पुलिस के मुताबिक, 26 अक्टूबर 2026 को महेन्द्र उर्फ गोलू यादव, संकेत यादव, ओंकार यादव और एक विधि से संघर्षरत बालक को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पुलिस विज्ञप्ति के अनुसार, पूछताछ के दौरान उन्होंने घटना में शामिल होना स्वीकार किया। इसके बाद विधिवत कार्रवाई करते हुए तीन वयस्क आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया। नाबालिग के विरुद्ध किशोर न्याय कानून के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की गई।
आरोपियों का विवरण
महेन्द्र उर्फ गोलू यादव, पिता रामलाल यादव, उम्र 34 वर्ष।
संकेत यादव, पिता रामलाल यादव, उम्र 37 वर्ष।
ओंकार यादव, पिता रामलाल यादव, उम्र 33 वर्ष।
एक विधि से संघर्षरत बालक।
चारों के पते के संबंध में पुलिस विज्ञप्ति में गोपी चौक, मंगला, थाना सिविल लाइन, बिलासपुर का उल्लेख है।
मामले के प्रमुख तथ्य
शिकायत दर्ज होने की तारीख: 20 अक्टूबर 2026।
आरोप: पंडाल के पास विवाद, मारपीट, घर में घुसकर हमला और तोड़फोड़।
क्षतिग्रस्त संपत्ति: मोटरसाइकिल और घर का दरवाजा।
कार्रवाई की तारीख: 26 अक्टूबर 2026।
पुलिस की कार्रवाई: तीन वयस्क आरोपियों की गिरफ्तारी तथा नाबालिग के विरुद्ध किशोर न्याय कानून के तहत कार्रवाई।
केस-3 | मंदिर चौक के पास चाकू लेकर घूम रहा था नाबालिग, बीट आरक्षक की सूचना पर पुलिस की कार्रवाई
किसी वारदात की आशंका के बीच पुलिस ने की रेड; नाबालिग के विरुद्ध जेजे एक्ट के प्रावधानों के तहत कार्रवाई
बिलासपुर। शहर में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पेट्रोलिंग और बीट क्षेत्र में निगरानी के दौरान सिविल लाइन पुलिस ने मंदिर चौक के पास धारदार चाकू लेकर घूम रहे एक नाबालिग को पकड़ा है। पुलिस को आशंका थी कि चाकू लेकर घूम रहा व्यक्ति किसी घटना को अंजाम दे सकता है। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मौके पर दबिश देकर उसे हिरासत में लिया।
बीट क्षेत्र में भ्रमण के दौरान मिली सूचना
पुलिस विज्ञप्ति के अनुसार, पुलिस उप महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बिलासपुर ने थाना क्षेत्रों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगातार पेट्रोलिंग और बीट क्षेत्र में भ्रमण करने के निर्देश दिए हैं। इसी के तहत सिविल लाइन थाना क्षेत्र में पैदल पेट्रोलिंग और निगरानी की जा रही थी।
25 अक्टूबर 2026 को बीट क्षेत्र में भ्रमण के दौरान सूचना मिली कि मंदिर चौक के पास एक व्यक्ति धारदार चाकू लेकर घूम रहा है और उससे किसी अप्रिय घटना की आशंका है। सूचना से वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया। इसके बाद तत्काल वैधानिक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
मौके पर दबिश, नाबालिग पर कार्रवाई
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर बिलासपुर पंकज पटेल और नगर पुलिस अधीक्षक सिविल लाइन के मार्गदर्शन एवं दिशा-निर्देशन में पुलिस टीम ने मुखबिर द्वारा बताए गए स्थान पर दबिश दी। वहां एक व्यक्ति संदिग्ध परिस्थिति में घूमता मिला। पूछताछ में उसके नाबालिग होने और विधि से संघर्षरत बालक की श्रेणी में आने की जानकारी सामने आई।
पुलिस ने उसके विरुद्ध किशोर न्याय अधिनियम के प्रावधानों का पालन करते हुए कार्रवाई की।
प्रकरण का विवरण
थाना: सिविल लाइन, जिला बिलासपुर।
जेजे एक्ट क्रमांक: 06/2026।
कार्रवाई की तारीख: 25 अक्टूबर 2026।
स्थान: मंदिर चौक, बिलासपुर।
आरोप: धारदार चाकू लेकर घूमना और संभावित रूप से शांति भंग करने की आशंका।
कार्रवाई: नाबालिग को हिरासत में लेकर किशोर न्याय कानून के प्रावधानों के तहत कार्रवाई।
पुलिस ने स्पष्ट किया कि थाना क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पेट्रोलिंग और बीट स्तर पर निगरानी जारी है।
