
रायपुर में रोंगटे खड़े कर देने वाला मामला; नाबालिग को बालिग और शादीशुदा बताकर फर्जी आधार से कराया ऑपरेशन, नवजात को दूसरे व्यक्ति को देने का आरोप—पिता, बुआ समेत 6 गिरफ्तार


रायपुर, 18 अगस्त। राजधानी रायपुर से सामने आई यह वारदात रिश्तों और भरोसे को झकझोर देने वाली है। जिस पिता पर नाबालिग बेटी की सुरक्षा की जिम्मेदारी थी, उसी पर बेटी के साथ लगातार दुष्कर्म करने और उसे गर्भवती करने का आरोप है। पुलिस के मुताबिक वर्ष 2023 में अमलीडीह स्थित रिश्तेदार के घर में जान से मारने की धमकी देकर पहली बार दुष्कर्म किया गया। इसके बाद आरोपी पिता लगातार बेटी का यौन शोषण करता रहा। गर्भ ठहरने पर गर्भपात की दवा लाकर बुआ की मदद से नाबालिग को मारपीट कर दवा खिलाई गई।
मामला यहीं नहीं रुका। पुलिस के अनुसार इसके बाद भी पिता ने नाबालिग के साथ लगातार दुष्कर्म किया और वर्ष 2025 में वह दोबारा गर्भवती हो गई। इस बार नाबालिग की उम्र और वैवाहिक स्थिति छिपाने के लिए कथित तौर पर फर्जी दस्तावेज तैयार कर उसे बालिग और शादीशुदा दर्शाया गया, फिर रायपुर के डंगनिया स्थित वासुदेव हॉस्पिटल में उसका ऑपरेशन कर प्रसव कराया गया। प्रसव के बाद नवजात बेटे को डॉक्टर, पिता और अन्य संबंधित लोगों द्वारा किसी अन्य व्यक्ति को दिए जाने की बात पुलिस जांच में सामने आई है।
न्यू राजेन्द्र नगर पुलिस ने मामले में पीड़िता के पिता और बुआ समेत कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से दो मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं।
धमकी देकर शुरू हुआ खौफ का सिलसिला
पीड़िता ने 17 अगस्त 2026 को थाना न्यू राजेन्द्र नगर में रिपोर्ट दर्ज कराई। उसके बयान के मुताबिक वर्ष 2023 में अमलीडीह स्थित एक रिश्तेदार के घर उसके पिता ने उसे जान से मारने की धमकी देकर दुष्कर्म किया।
घटना किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी गई। डर और भय के कारण नाबालिग चुप रही। पुलिस के अनुसार इसके बाद आरोपी पिता द्वारा उसके साथ लगातार दुष्कर्म किया जाता रहा।
इस लगातार शोषण के कारण पीड़िता गर्भवती हो गई।
गर्भ की जानकारी हुई तो पिता लाया गर्भपात की दवा
जब पीड़िता ने गर्भवती होने की जानकारी अपनी बुआ को दी तो बुआ ने यह बात उसके पिता को बताई। आरोप है कि इसके बाद पिता गर्भपात की दवा लेकर आया।
पुलिस के मुताबिक बुआ की मदद से नाबालिग के साथ मारपीट की गई और उसे उक्त दवा खिला दी गई। इसके बाद उसका गर्भपात हो गया।
कुछ समय बाद आरोपी पिता ने कथित तौर पर फिर से नाबालिग के साथ लगातार दुष्कर्म किया।
दूसरी बार गर्भवती हुई तो खुलने लगी साजिश की परत
पुलिस के अनुसार लगातार यौन शोषण के बाद वर्ष 2025 में नाबालिग दोबारा गर्भवती हो गई।
गर्भवती होने की जानकारी सामने आने के बाद पिता उसे वर्षा मंडल के घर लेकर गया। वहां वर्षा मंडल ने कथित तौर पर नाबालिग को अपने पास रखने और सुरक्षित प्रसव कराने की बात कही।
कुछ दिनों बाद वर्षा मंडल ने उसे अपनी परिचित गीता राय के घर भेज दिया। पीड़िता वहां करीब दो महीने रही।
उम्र छिपाई, शादीशुदा बताया और अस्पताल में भर्ती कराया
मामले का सबसे गंभीर पहलू यहीं सामने आता है। पुलिस के अनुसार नाबालिग की वास्तविक उम्र छिपाकर उसे अधिक उम्र का दिखाया गया। उसे बालिग और विवाहित बताया गया।
आरोप है कि इसके लिए पीड़िता का कुटरचित आधार कार्ड तैयार कराया गया, जिसमें उसकी उम्र बढ़ाकर उसे बालिग दर्शाया गया और शादीशुदा बताया गया।
इसी कथित फर्जी पहचान के आधार पर गीता राय ने पीड़िता को वासुदेव हॉस्पिटल, डंगनिया, रायपुर में भर्ती कराया।
अस्पताल में ऑपरेशन के जरिए पीड़िता ने एक पुत्र को जन्म दिया।
प्रसव के बाद नवजात को दूसरे व्यक्ति को देने का आरोप
पुलिस की एफआईआर में प्रसव के बाद नवजात बच्चे को किसी अन्य व्यक्ति को दिए जाने की बात सामने आई है।
पुलिस के मुताबिक डॉक्टर, पीड़िता के पिता और अन्य संबंधित व्यक्तियों द्वारा नवजात बच्चे को किसी अन्य व्यक्ति को दिया गया। इस संबंध में पीड़िता से कुछ दस्तावेजों पर हस्ताक्षर भी कराए गए।
पीड़िता ने पुलिस को बताया कि उसने भय के कारण उन दस्तावेजों पर हस्ताक्षर किए।
प्रसव के बाद पीड़िता को करीब 15 दिनों तक गीता राय के घर रखा गया। इसके बाद उसका पिता उसे वापस अपने घर ले गया।
पुलिस ने दर्ज किया गंभीर धाराओं में केस
पीड़िता की रिपोर्ट के आधार पर थाना न्यू राजेन्द्र नगर में अपराध क्रमांक 289/2026 दर्ज किया गया है।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 64(2)(एफ), 65, 336, 337, 61(2), 351(2), 115(2), 89 और 3(5) तथा पॉक्सो एक्ट की धारा 4(2), 5(एन), 6 और जेजे एक्ट की धारा 81 के तहत अपराध पंजीबद्ध किया है।
मामले में नाबालिग के लगातार यौन शोषण से लेकर कथित फर्जी दस्तावेज, अस्पताल में पहचान छिपाकर प्रसव और नवजात को दूसरे व्यक्ति को सौंपे जाने तक की कड़ियों को जांच के दायरे में लिया गया है।
पिता समेत 6 गिरफ्तार
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद थाना न्यू राजेन्द्र नगर पुलिस की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पीड़िता के पिता सहित कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से 2 मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं। पुलिस इन मोबाइल फोन सहित उपलब्ध साक्ष्यों की जांच कर रही है।
गिरफ्तार आरोपियों में
1. पीड़िता का पिता
2. पीड़िता की बुआ
3. रोहित कुमार राय, पिता स्व. परितोष राय, उम्र 35 वर्ष, निवासी करण नगर, चंगोराभांठा, थाना डीडी नगर, रायपुर।
4. साहेब मंडल, पिता स्व. श्री नारायण मंडल, उम्र 42 वर्ष, निवासी लिटिल स्टार होम, ऋषभ नगर, थाना न्यू राजेन्द्र नगर, रायपुर।
5. योगिता राय उर्फ गीता राय, पति रोहित कुमार राय, उम्र 32 वर्ष, निवासी करण नगर, चंगोराभांठा, थाना डीडी नगर, रायपुर।
6. बरखा वर्मा उर्फ वर्षा मंडल, पति साहेब मंडल, उम्र 34 वर्ष, निवासी लिटिल स्टार होम, ऋषभ नगर, थाना न्यू राजेन्द्र नगर, रायपुर।
जांच में सामने आई वारदात की पूरी कड़ी
पुलिस के अनुसार घटनाक्रम की कड़ी नाबालिग से कथित लगातार दुष्कर्म → गर्भवती होना → गर्भपात की दवा खिलाना → दोबारा यौन शोषण → दूसरी बार गर्भधारण → उम्र और वैवाहिक स्थिति छिपाना → कथित कुटरचित आधार कार्ड तैयार करना → अस्पताल में बालिग और विवाहित बताकर भर्ती कराना → ऑपरेशन से पुत्र का जन्म → नवजात को दूसरे व्यक्ति को सौंपना तक जाती है।
इस पूरी कड़ी में पिता, बुआ और अन्य आरोपियों की कथित भूमिकाओं की जांच पुलिस कर रही है।
न्यू राजेन्द्र नगर पुलिस ने सभी 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। मामले में अन्य पहलुओं और संबंधित व्यक्तियों की भूमिका की भी जांच जारी है।



