रेलवे स्टेशन पर पुलिस का शिकंजा, तोरवा थाना-GRP-RPF की संयुक्त टीम ने यात्रियों और सामान की ली तलाशी; शहर में हथियार पहुंचने की सूचना के बाद बढ़ाई गई निगरानी
बिलासपुर। स्वतंत्रता दिवस से ठीक पहले बिलासपुर पुलिस ने रेलवे स्टेशन और ट्रेनों में सुरक्षा का शिकंजा कस दिया है। बाबा धाम, देवघर से खतरनाक और धारदार चाकू/हथियार लाकर बिलासपुर में आपराधिक गतिविधियों में इस्तेमाल किए जाने की सूचनाओं के बीच गुरुवार को तोरवा थाना, GRP और RPF की संयुक्त टीम ने रेलवे स्टेशन और ट्रेनों में सघन चेकिंग अभियान चलाया। इसी दौरान साउथ बिहार एक्सप्रेस में यात्रियों और उनके सामान की तलाशी के दौरान खतरनाक एवं घातक धारदार हथियार बरामद किए गए। पुलिस ने हथियारों को जब्त कर लिया है।








आजादी के जश्न से पहले रेलवे पर पुलिस का ‘ऑपरेशन चेकिंग’
स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर शहर में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस अलर्ट मोड पर है। रेलवे स्टेशन जैसे संवेदनशील और भीड़भाड़ वाले स्थान पर किसी भी संदिग्ध गतिविधि को रोकने के लिए पुलिस ने चेकिंग तेज कर दी है। गुरुवार को तोरवा थाना, GRP और RPF की संयुक्त टीम ने रेलवे स्टेशन के साथ ट्रेनों में भी जांच की।
साउथ बिहार एक्सप्रेस में चेकिंग के दौरान पुलिस टीम ने यात्रियों के सामान की बारीकी से जांच की। इसी जांच में धारदार हथियार मिले। हथियारों की बरामदगी के बाद सुरक्षा एजेंसियां और सतर्क हो गई हैं।
देवघर से हथियार आने की सूचना ने बढ़ाई चिंता
पुलिस के मुताबिक पिछले कुछ दिनों से ऐसी सूचनाएं लगातार मिल रही थीं कि बाबा धाम, देवघर से खतरनाक और धारदार चाकू/हथियार बिलासपुर लाए जा रहे हैं और इनका इस्तेमाल आपराधिक गतिविधियों में किया जा रहा है। इस इनपुट के बाद पुलिस ने रेलवे मार्गों पर निगरानी और चेकिंग बढ़ा दी है।
हालांकि, पुलिस की ओर से जारी जानकारी में बरामद हथियारों की कुल संख्या, किस व्यक्ति से बरामद हुए, उनकी पहचान, हथियारों का प्रकार और उनकी बरामदगी के बाद दर्ज कानूनी कार्रवाई का विस्तृत ब्योरा नहीं दिया गया है। इसलिए इन बिंदुओं पर पुलिस की आगे की जांच और आधिकारिक जानकारी महत्वपूर्ण होगी।
स्टेशन से ट्रेन तक ‘तीसरी नजर’, संदिग्धों पर नजर
स्वतंत्रता दिवस को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा का दायरा केवल रेलवे स्टेशन तक सीमित नहीं रखा है। प्लेटफॉर्म, ट्रेनों, बस स्टैंड और शहर के अन्य महत्वपूर्ण एवं संवेदनशील स्थानों पर भी लगातार चेकिंग की जा रही है। संदिग्ध व्यक्तियों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है और जरूरत के अनुसार उनके सामान की जांच की जा रही है।
पुलिस का फोकस ऐसे लोगों पर है, जिनकी गतिविधियां संदिग्ध नजर आती हैं या जिनके पास खतरनाक वस्तुएं होने की आशंका है। रेलवे स्टेशन पर GRP और RPF के साथ स्थानीय पुलिस की संयुक्त कार्रवाई से सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया गया है।
हथियारों के जरिए अपराध की आशंका पर पुलिस सख्त
पुलिस का मानना है कि धारदार हथियारों की आवाजाही आपराधिक घटनाओं के लिहाज से गंभीर मामला है। ऐसे हथियार यदि आपराधिक तत्वों तक पहुंचते हैं तो उनका इस्तेमाल हत्या, हमला, लूट या दूसरे हिंसक अपराधों में किया जा सकता है। यही वजह है कि स्वतंत्रता दिवस से पहले पुलिस किसी भी संदिग्ध गतिविधि को लेकर कोई जोखिम नहीं लेना चाहती।
सुरक्षा अभियान आगे भी जारी रहेगा
बिलासपुर पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नागरिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। रेलवे स्टेशन, प्लेटफॉर्म, ट्रेनों, बस स्टैंड और शहर के संवेदनशील इलाकों में चेकिंग तथा संदिग्ध व्यक्तियों की निगरानी बढ़ाई गई है।
स्वतंत्रता दिवस के जश्न के बीच पुलिस का संदेश साफ है—शहर में हथियार लेकर घूमने वालों या आपराधिक गतिविधियों की तैयारी करने वालों पर कड़ी नजर है। रेलवे मार्ग से आने-जाने वाले संदिग्ध सामान और व्यक्तियों की जांच कर पुलिस संभावित खतरे को समय रहते रोकने की कोशिश में जुटी है।



