मोबाइल बंद कर पत्नी के साथ बदलता रहा ठिकाने, बैंक ट्रांजेक्शन से खुला बल्लभगढ़ का सुराग; तोरवा पुलिस ने दिल्ली-हरियाणा से आरोपी दंपती को पकड़ा
बिलासपुर। सोशल मीडिया मैट्रिमोनियल साइट ‘शादी डॉट कॉम’ पर खुद को अविवाहित बताकर एक महिला को शादी के झांसे में लेने, उसके साथ दैहिक शोषण करने और नौकरी लगाने के नाम पर लाखों रुपए के जेवर व नकदी लेने के आरोप में फरार चल रहे युवक को तोरवा पुलिस ने उसकी पत्नी के साथ बल्लभगढ़, हरियाणा से गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी ने पीड़िता से करीब 12 से 13 लाख रुपए के सोने-चांदी के जेवर और नकदी हासिल की थी। घटना के बाद आरोपी मोबाइल बंद कर पत्नी के साथ लगातार ठिकाने बदल रहा था।
पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और बैंक खातों के ट्रांजेक्शन को खंगालते हुए फरार आरोपी तक पहुंच बनाई। दोनों आरोपियों को 9 अगस्त 2026 को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
मैट्रिमोनियल साइट पर हुई पहचान, खुद को बताया अविवाहित
पुलिस के अनुसार कोरबा निवासी पीड़िता की पहचान सोशल मीडिया मैट्रिमोनियल साइट ‘शादी डॉट कॉम’ के माध्यम से पामगढ़, जांजगीर-चांपा निवासी पवन कुमार यादव (34) से हुई थी।
आरोप है कि पवन यादव ने पीड़िता को अपने विश्वास में लेने के लिए खुद को अविवाहित बताया और शादी करने का भरोसा दिलाया। इसके बाद आरोपी ने शादी का झांसा देकर उसके साथ दैहिक शोषण किया।
इसके बाद कहानी में नौकरी का झांसा भी जुड़ गया। पुलिस के मुताबिक आरोपी ने पीड़िता को नौकरी लगाने की बात कहकर उससे नगदी और सोने-चांदी के जेवर लिए। इनकी अनुमानित कीमत करीब 12-13 लाख रुपए बताई गई है।
शिकायत के बाद गायब हुआ आरोपी, पत्नी के साथ बदलता रहा ठिकाने
घटना के बाद आरोपी अपने ठिकाने से फरार हो गया। पुलिस के मुताबिक वह अपनी पत्नी नवीता यादव (30) के साथ लगातार स्थान बदलकर पुलिस से बचने की कोशिश कर रहा था।
पीड़िता ने 9 मार्च 2026 को थाना तोरवा में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 138/2026 दर्ज किया। प्रकरण में धारा 69, 318(4), 3(5) भादवि के तहत कार्रवाई की गई।
पामगढ़ से सरकंडा तक दबिश, मोबाइल मिला बंद
मामला दर्ज होने के बाद तोरवा पुलिस ने आरोपियों की तलाश में उनके संभावित ठिकानों पर दबिश देना शुरू किया। पुलिस टीम ने पामगढ़ के अलावा बिलासपुर के सरकंडा स्थित ससुराल में भी तलाश की, लेकिन आरोपी हाथ नहीं आया।
जांच के दौरान आरोपी का मोबाइल नंबर बंद मिला। घटना के बाद से उसके फरार होने के कारण पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती उसके नए ठिकाने का पता लगाना था।
5 हजार रुपए का इनाम घोषित, फिर भी नहीं मिला सुराग
फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर 5 हजार रुपए का इनाम भी घोषित किया गया। इसके बावजूद पुलिस को काफी समय तक आरोपी के संबंध में कोई ठोस जानकारी नहीं मिल पाई।
इसके बाद पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों के जरिए आरोपी की तलाश तेज की।
मोबाइल से लेकर बैंक खातों तक खंगाले, पत्नी के खाते ने खोला रास्ता
तोरवा पुलिस ने आरोपी के मोबाइल नंबर और उससे जुड़े विभिन्न बैंक खातों की जानकारी जुटाकर उनका विश्लेषण शुरू किया। जांच में आरोपी के अधिकांश बैंक खाते बंद मिले।
इसी दौरान पुलिस को आरोपी की पत्नी नवीता यादव के बैंक खाते में लेन-देन जारी होने की जानकारी मिली। पुलिस ने खाते में हुए ट्रांजेक्शन को खंगाला तो एक अहम सुराग सामने आया।
बैंक खाते से बल्लभगढ़, हरियाणा क्षेत्र में राशि की निकासी की गई थी। यही ट्रांजेक्शन पुलिस की जांच में फरार दंपती तक पहुंचने की महत्वपूर्ण कड़ी बना।
बैंक ट्रांजेक्शन से मिला बल्लभगढ़ का लोकेशन सुराग
पुलिस ने बैंक खाते से हुए लेन-देन की जानकारी जुटाई और उस निकासी से जुड़े स्थान एवं अन्य उपलब्ध सुरागों का विश्लेषण किया। वरिष्ठ अधिकारियों को इसकी जानकारी दी गई।
इसके बाद थाना तोरवा की पुलिस टीम को दिल्ली-हरियाणा क्षेत्र के लिए रवाना किया गया।
जांच के दौरान पुलिस को उस च्वाइस सेंटर की जानकारी मिली, जहां से आरोपी द्वारा राशि निकाली गई थी। उपलब्ध तकनीकी और स्थानीय सुरागों को जोड़ते हुए पुलिस टीम आरोपी तक पहुंचने में सफल रही।
बल्लभगढ़ में मिला दंपती, दोनों गिरफ्तार
तोरवा पुलिस की टीम ने लगातार पतासाजी के बाद फरार आरोपी पवन कुमार यादव और उसकी पत्नी नवीता यादव को बल्लभगढ़, हरियाणा से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस दोनों को बिलासपुर लेकर पहुंची। पूछताछ और आवश्यक कार्रवाई के बाद दोनों आरोपियों को 9 अगस्त 2026 को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
पुलिस रिकॉर्ड में आरोपी
1. पवन कुमार यादव, पिता स्वर्गीय शंकरलाल यादव, उम्र 34 वर्ष, निवासी ग्राम डुडंगा, थाना पामगढ़, जिला जांजगीर-चांपा।
2. नवीता यादव, पति पवन कुमार यादव, उम्र 30 वर्ष, निवासी ग्राम डुडंगा, थाना पामगढ़, जिला जांजगीर-चांपा।
केस की पूरी टाइमलाइन
मैट्रिमोनियल साइट पर संपर्क
कोरबा निवासी पीड़िता की ‘शादी डॉट कॉम’ के माध्यम से पवन यादव से पहचान हुई।
शादी का भरोसा
पुलिस के मुताबिक आरोपी ने खुद को अविवाहित बताकर पीड़िता को विश्वास में लिया।
दैहिक शोषण का आरोप
शादी का आश्वासन देकर पीड़िता के साथ दैहिक शोषण किए जाने का आरोप है।
नौकरी का झांसा
आरोपी ने नौकरी लगाने के नाम पर पीड़िता से रकम और सोने-चांदी के जेवर लिए।
12-13 लाख की ठगी का आरोप
पुलिस के अनुसार जेवर और नकदी की कुल अनुमानित कीमत करीब 12 से 13 लाख रुपए है।
9 मार्च 2026
पीड़िता ने थाना तोरवा में शिकायत दर्ज कराई।
फरारी
मामला दर्ज होने के बाद आरोपी पत्नी के साथ फरार हो गया और लगातार ठिकाने बदलता रहा।
5 हजार रुपए इनाम
फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए इनाम घोषित किया गया।
बैंक ट्रांजेक्शन बना सुराग
आरोपी के खाते बंद मिले, लेकिन पत्नी के खाते में लेन-देन जारी रहा। इसी खाते से बल्लभगढ़ में निकासी की जानकारी मिली।
दिल्ली-हरियाणा रवाना हुई टीम
बैंक ट्रांजेक्शन और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस टीम दिल्ली-हरियाणा पहुंची।
बल्लभगढ़ से गिरफ्तारी
च्वाइस सेंटर से मिले सुराग के आधार पर पुलिस ने आरोपी दंपती को पकड़ लिया।
9 अगस्त 2026
दोनों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गया।



