बिलासपुर/रतनपुर।
कानून और वर्दी दोनों को खुलेआम चुनौती देने वाली एक सनसनीखेज घटना सामने आई है। वन विभाग की जिम्मेदारी निभा रहे एक वन क्षेत्र रक्षक को बीच सड़क घेरकर न सिर्फ रोका गया, बल्कि शराब के नशे में धुत युवकों ने उसके साथ हाथ-मुक्कों से बेरहमी से मारपीट की। यह पूरी घटना उस वक्त हुई जब वन क्षेत्र रक्षक अपने शासकीय कर्तव्य का निर्वहन करते हुए गश्त पर था।
प्रार्थी कृपानंद जांगड़े पिता लखन जांगड़े उम्र 34 वर्ष, वन क्षेत्र रक्षक के पद पर पदस्थ हैं और वन परियोजना परिक्षेत्र भैंसाझार में गश्त कर रहे थे। इसी दौरान रास्ते में एक कार खड़ी कर मार्ग अवरुद्ध किए चार अज्ञात लोग खुलेआम शराब पीते मिले। जब क्षेत्र रक्षक ने उन्हें रास्ता हटाने को कहा, तो आरोपियों ने “बहुत बड़ा पुलिस बनता है” जैसे अपमानजनक शब्दों का प्रयोग करते हुए शासकीय कार्य में बाधा डाली और फिर हाथ-मुक्कों से हमला कर दिया।
घटना के समय सभी आरोपी शराब के नशे में थे। मारपीट के दौरान क्षेत्र रक्षक को चोटें आईं। सरकारी कर्मचारी पर इस तरह के हमले से इलाके में हड़कंप मच गया।
प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना रतनपुर में अपराध क्रमांक 86/26 दर्ज किया गया है। मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296, 126(2), 121(1), 132, 351(2), 3, 5 के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना रतनपुर पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को हिरासत में ले लिया है। पकड़े गए आरोपियों में
- लक्ष्मण यादव पिता बीरबल यादव, उम्र 37 वर्ष, निवासी मौहारखार, थाना कोटा
- राजा यादव पिता रामरतन यादव, उम्र 27 वर्ष, निवासी ग्राम दूरपा, थाना बाराद्वार, जिला जांजगीर-चांपा
शामिल हैं।
पुलिस के अनुसार घटना में शामिल अन्य दो आरोपियों की पहचान और तलाश जारी है और जल्द ही उन्हें भी गिरफ्तार किया जाएगा। मामला शासकीय कार्य में बाधा, मारपीट और नशे की हालत में उत्पात से जुड़ा होने के कारण गंभीर माना जा रहा है।



