Latest news

एंटी करप्शन ब्यूरो का का बड़ा ट्रैप, अतिरिक्त तहसीलदार और पटवारी 35 हजार की रिश्वत लेते दबोचे गए

Mohammed Israil
Mohammed Israil  - Editor
3 Min Read

धान उपार्जन केंद्र निरीक्षण की आड़ में सौदेबाज़ी, नकारात्मक रिपोर्ट रोकने के बदले मांगी गई थी रकम


बिलासपुर/जांजगीर-चांपा। भ्रष्टाचार के खिलाफ चलाए जा रहे व्यापक अभियान के तहत एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) बिलासपुर को बड़ी कामयाबी मिली है। एसीबी टीम ने जांजगीर जिले के पामगढ़ में ट्रैप कार्रवाई करते हुए अतिरिक्त तहसीलदार पामगढ़ श्रीमती करुणा आहेर और चोरभट्टी (उच्चभट्ठी) के पटवारी आयुष कुमार ध्रुव को 35,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। रिश्वत की पूरी राशि मौके से बरामद कर ली गई।
जानकारी के मुताबिक यह रिश्वत धान उपार्जन केंद्र चोरभट्टी के प्रभारी से अवैध रूप से मांगी गई थी। उपार्जन केंद्र के निरीक्षण के बाद नकारात्मक रिपोर्ट ऊपर न भेजने के एवज में यह रकम तय की गई थी।
निरीक्षण के बाद शुरू हुई वसूली की प्रक्रिया
डीएसपी एसीबी बिलासपुर अजितेश सिंह ने बताया कि धान उपार्जन केंद्र चोरभट्टी के प्रभारी धीरेन्द्र कुमार कौशिक ने एसीबी बिलासपुर में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में उल्लेख किया गया कि अतिरिक्त तहसीलदार करुणा आहेर द्वारा उपार्जन केंद्र का निरीक्षण किया गया और यह कहते हुए पंचनामा तैयार किया गया कि धान खरीदी का कार्य सही तरीके से नहीं हो रहा है।
इसके बाद उच्च अधिकारियों को नकारात्मक रिपोर्ट न भेजने के बदले 30 से 40 हजार रुपये की मांग की गई। निरीक्षण के दौरान अतिरिक्त तहसीलदार ने अपने साथ मौजूद पटवारी आयुष कुमार ध्रुव से शिकायतकर्ता को अलग से बात करने के लिए कहा।
पटवारी ने भी मांगा हिस्सा
जब शिकायतकर्ता ने पटवारी आयुष कुमार ध्रुव से संपर्क किया, तो उसने भी अतिरिक्त तहसीलदार द्वारा मांगी गई राशि देने और अपने लिए भी अलग से रकम की व्यवस्था करने की बात कही। बातचीत के दौरान यह स्पष्ट हो गया कि दोनों अधिकारी आपसी सांठगांठ से रिश्वत की मांग कर रहे हैं।
शिकायतकर्ता ने रिश्वत देने के बजाय पूरे मामले को उजागर करने का निर्णय लिया और एसीबी से संपर्क किया।
गुप्त सत्यापन के बाद रची गई ट्रैप योजना
एसीबी बिलासपुर द्वारा शिकायत का गुप्त सत्यापन कराया गया, जिसमें शिकायत सही पाई गई। इसके बाद विधिवत ट्रैप की योजना बनाई गई।
04 फरवरी 2026 को शिकायतकर्ता द्वारा व्यवस्थित की गई 35,000 रुपये की रिश्वत राशि आरोपियों को देने के लिए भेजी गई। अतिरिक्त तहसीलदार के निर्देश पर पटवारी आयुष कुमार ध्रुव ने जैसे ही रिश्वती रकम स्वीकार की, आसपास तैनात एसीबी टीम ने तत्काल दबिश देकर दोनों आरोपियों को पकड़ लिया।
राशि बरामद, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई
ट्रैप कार्रवाई के दौरान पटवारी आयुष कुमार ध्रुव के कब्जे से 35,000 रुपये की रिश्वती रकम बरामद की गई। इस प्रकरण में अतिरिक्त तहसीलदार करुणा आहेर और पटवारी आयुष कुमार ध्रुव के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 की धारा 7 के तहत वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

खबर को शेयर करने के लिए क्लिक करे।।