WHO–फाइंड इंडिया के साथ संस्थान स्तरीय प्रशिक्षण, नर्सिंग व सफाई स्टाफ को दिया गया विशेष मार्गदर्शन
बिलासपुर | 15 दिसंबर 2025
छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान (सिम्स) में अस्पतालों में हवा के जरिए फैलने वाले संक्रमणों की रोकथाम को लेकर सोमवार को बड़ा संस्थान स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया गया। रेस्पिरेटरी मेडिसिन विभाग की ओर से यह बैठक एवं प्रशिक्षण फाइंड इंडिया, सेंट्रल टीबी डिवीजन और विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के संयुक्त तत्वावधान में हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता अधिष्ठाता डॉ. रमणेश मूर्ति ने की।
इस मौके पर इंफेक्शन प्रिवेंशन एंड कंट्रोल (IPC) और एयरबोर्न इंफेक्शन कंट्रोल (AIC)—विशेषकर ड्रग रेजिस्टेंट टीबी सेंटर से जुड़े प्रोटोकॉल—पर विस्तार से चर्चा की गई। संस्थान की इंफेक्शन कंट्रोल टीम, हॉस्पिटल इंफेक्शन कंट्रोल कमेटी, स्टाफ नर्स (आईसीएन) और स्वच्छता-सफाई से जुड़े सुपरवाइजरी स्टाफ के लिए फैसिलिटी लेवल प्रशिक्षण दिया गया।
मरीज की पहचान से आइसोलेशन तक के उपाय बताए
प्रशिक्षण में खांसी और सांस संबंधी लक्षण वाले मरीजों की शीघ्र पहचान, त्वरित इलाज, तथा ऐसे मरीजों को अन्य मरीजों से अलग रखने (आइसोलेशन) की प्रक्रिया पर फोकस किया गया। वार्ड में भर्ती मरीजों के बीच संक्रमण न फैले, इसके लिए अपनाई जाने वाली सावधानियों, उचित वेंटिलेशन, एयर चेंज पर आवर (ACH), साफ-सफाई और बायोमेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट के मानकों पर भी जानकारी दी गई।
स्वास्थ्यकर्मियों की सुरक्षा पर खास जोर
कार्यक्रम में स्वास्थ्यकर्मियों और मरीजों की श्वसन सुरक्षा, मास्क उपयोग, व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण (PPE) और कार्यस्थल पर संक्रमण से बचाव के उपायों पर विशेष सत्र हुए।
इस अवसर पर संस्थान के मास्टर ट्रेनर व माइक्रोबायोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. रेखा बारपात्रे, फाइंड इंडिया की टेक्निकल एक्सपर्ट डॉ. तन्वी बहल भल्ला तथा एनटीईपी–WHO सलाहकार डॉ. रितु कश्यप ने व्यावहारिक और तकनीकी जानकारी साझा की।
वरिष्ठ चिकित्सकों की गरिमामयी उपस्थिति
संस्थान स्तर के इस कार्यक्रम में कुमार साहब स्व. दिलीप सिंह जूदेव शासकीय सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. भानु प्रताप सिंह, सिम्स चिकित्सालय के संयुक्त संचालक सह चिकित्सा अधीक्षक डॉ. लखन सिंह, एनेस्थीसिया विभागाध्यक्ष डॉ. मधुमिता मूर्ति, रेडियोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. अर्चना सिंह, रेस्पिरेटरी मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ. प्रतीक कुमार त्रिपाठी सहित विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्ष, वरिष्ठ चिकित्सक, अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।



