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रिटायर्ड एसआई पर अवैध खनन का गंभीर आरोप, 10 एकड़ शासकीय जमीन पर कब्जे और रोजाना मुरुम तस्करी की शिकायत

Mohammed Israil
Mohammed Israil  - Editor
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कलेक्टर से कार्रवाई की मांग, ग्रामीणों ने कहा- शिकायतों के बाद भी नहीं रुका अवैध उत्खनन
बिलासपुर। जिले के सफरीभांठा और पैजनिया क्षेत्र में अवैध मुरुम, रेत और मिट्टी उत्खनन का बड़ा मामला सामने आया है। ग्रामीणों ने कलेक्टर को शिकायत सौंपकर एक रिटायर्ड पुलिस अधिकारी पर वर्षों से शासकीय भूमि पर कब्जा कर अवैध खनन और परिवहन करने का आरोप लगाया है। शिकायत में दावा किया गया है कि कई बार संबंधित विभागों को सूचना देने के बावजूद अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है।


ग्रामीणों द्वारा दिए गए आवेदन में आरोप लगाया गया है कि जितेंद्र लहरे पिछले दो से तीन वर्षों से लगातार अवैध रूप से मुरुम, रेत और मिट्टी का उत्खनन कर रहे हैं। शिकायतकर्ताओं का कहना है कि उनके खिलाफ कई बार शिकायत की गई, लेकिन खनन विभाग और प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
10 एकड़ शासकीय भूमि पर कब्जे का आरोप


आवेदन में कहा गया है कि आरोपित ने लगभग 10 एकड़ शासकीय भूमि पर कब्जा कर रखा है, जहां 10 से 12 फीट तक गहरी खुदाई की गई है। ग्रामीणों का आरोप है कि यहां से बड़े पैमाने पर मुरुम निकालकर उसकी बिक्री की जा रही है, जिससे सरकारी जमीन को भारी नुकसान पहुंच रहा है।
मुख्य रास्ते पर बैरियर, लोगों की आवाजाही प्रभावित
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि सफरीभांठा से विजयपुर जाने वाले मुख्य रास्ते को बैरियर लगाकर बंद कर दिया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि रास्ते पर आवागमन रोकने के लिए कई कुत्ते खुले छोड़ दिए जाते हैं, जिससे लोगों में भय का माहौल बना हुआ है। इसके अलावा सरकारी भूमि पर कब्जा कर दो मंजिला भवन निर्माण किए जाने का भी आरोप लगाया गया है।
रोजाना 3 से 5 हाइवा में मुरुम परिवहन का दावा
ग्रामीणों ने आवेदन में उल्लेख किया है कि सफरीभांठा क्षेत्र से निकाली गई मुरुम को प्रतिदिन सुबह 8 से 10 बजे के बीच 3 से 5 हाइवा वाहनों के माध्यम से पैजनिया पुलिया मार्ग से बाहर भेजा जाता है। भारी वाहनों की आवाजाही से गांव की सीसी सड़कें क्षतिग्रस्त हो रही हैं और दुर्घटना की आशंका लगातार बनी हुई है।
गांव में विवाद और अशांति फैलाने का भी आरोप
शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया है कि संबंधित व्यक्ति अपने प्रभाव और संसाधनों का उपयोग कर गांव के विकास कार्यों में बाधा पहुंचा रहा है तथा विवाद उत्पन्न कर सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास कर रहा है।
जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग
ग्रामीणों ने कलेक्टर से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर अवैध उत्खनन पर तत्काल रोक लगाने, शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाने तथा दोषी पाए जाने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। इस मामले में कलेक्टर संजय अग्रवाल ने जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया है।

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