बिलासपुर। शहर में फैली गंदगी और बढ़ते मच्छरों के प्रकोप को लेकर नगर निगम की सामान्य सभा में सोमवार को जमकर हंगामा देखने को मिला। विपक्ष और सत्ताधारी दल के कई पार्षदों ने एकजुट होकर मेयर पूजा विधानी को घेरने की कोशिश की, लेकिन इस दौरान सफाई विभाग के अध्यक्ष श्याम साहू मेयर के बचाव में मजबूती से खड़े नजर आए।
सदन की कार्यवाही शुरू होते ही पार्षदों ने वार्डों में पसरी गंदगी, नालियों की सफाई नहीं होने और मच्छरों के बढ़ते खतरे को लेकर प्रशासन पर सवालों की बौछार कर दी। महिला पार्षदों ने खासतौर पर यह मुद्दा उठाया कि कई वार्डों में नियमित रूप से सफाई कर्मी पहुंच ही नहीं रहे हैं, जिससे हालात बदतर होते जा रहे हैं।
इस बीच माहौल तब और गर्मा गया जब कांग्रेस पार्षद पुष्पेंद्र साहू ने सफाई कर्मियों की ऑनलाइन अटेंडेंस व्यवस्था पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि सिस्टम तो बनाया गया है, लेकिन जमीनी स्तर पर इसका कोई असर नहीं दिख रहा—न कर्मचारी समय पर आ रहे हैं और न ही निगरानी हो पा रही है।
हालात बिगड़ते देख सफाई विभाग के अध्यक्ष श्याम साहू ने मोर्चा संभाला और मेयर का जोरदार बचाव किया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सफाई व्यवस्था को लेकर लगातार प्रयास किए जा रहे हैं और कई जगह सुधार भी हुआ है, लेकिन ऑनलाइन अटेंडेंस सिस्टम में तकनीकी खामियां हैं, जिन्हें दूर करना जरूरी है।
श्याम साहू ने अधिकारियों पर भी नाराजगी जताते हुए कहा कि जब तक अटेंडेंस सिस्टम सही तरीके से काम नहीं करेगा, तब तक सफाई व्यवस्था को पटरी पर लाना मुश्किल होगा। उन्होंने तत्काल समाधान निकालने की मांग की, ताकि कर्मचारियों की मौजूदगी और कामकाज पर प्रभावी निगरानी हो सके।
सदन में इस मुद्दे पर पक्ष-विपक्ष के बीच तीखी बहस हुई और कई बार हंगामे की स्थिति बनी रही। हालांकि अंत में यह सहमति बनी कि सफाई व्यवस्था और ऑनलाइन अटेंडेंस दोनों पर जल्द सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे।

