मो इसराइल बबलू
टिन शेड के नीचे गाड़ रखी थी अंग्रेजी-देशी शराब की बोतलें, 15.840 लीटर बरामद — चेतना विरुद्ध नशा व प्रहार अभियान के तहत कार्रवाई
बिलासपुर।
जिला बिलासपुर के बेलगहना चौकी क्षेत्र में पुलिस ने अवैध शराब बिक्री करने वाले एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर बड़ी कार्रवाई की है। आरोपी ने पुलिस को चकमा देने के लिए अपने घर के बगल में बने टिन शेड के नीचे जमीन खोदकर शराब की बोतलें दबा रखी थीं।
पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर छापामार कार्रवाई कर वहां से 15.840 लीटर अवैध शराब जब्त की, जिसकी बाजार कीमत लगभग ₹10,280 आंकी गई है।
आरोपी हिमांशु गुप्ता (42 वर्ष) निवासी बेलगहना, चौकी बेलगहना, थाना कोटा को धारा 34(2) आबकारी एक्ट के तहत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।
🚨 “जमीन के नीचे दबाकर छिपाई शराब”
पुलिस को सूचना मिली थी कि बेलगहना निवासी हिमांशु गुप्ता अपने घर के पास बने टिन शेड के नीचे जमीन में शराब गाड़कर रखता है और वहीं से बिक्री करता है।
इस पर चौकी प्रभारी की अगुवाई में टीम गठित की गई।
टीम ने मौके पर पहुंचकर खुदाई की तो जमीन के नीचे प्लास्टिक बैग और कार्टन में अंग्रेजी व देशी शराब की बोतलें बरामद हुईं।
“यह तरीका नया था — शराब को जमीन में गाड़कर छिपाया गया था ताकि पुलिस की निगाह से बचा जा सके। आरोपी को गिरफ्तार कर कार्रवाई की गई है।”
— चौकी बेलगहना पुलिस अधिकारी
ACTION : जब्त शराब का ब्यौरा
क्रमांक शराब का प्रकार मात्रा (पाव) 1. जम्मू अंग्रेजी शराब 29 पाव 2. गोवा अंग्रेजी शराब 24 पाव 3. देशी शराब 24 पाव 4. वाइट चीफ अंग्रेजी शराब 04 पाव 5. मूड ऑफ अंग्रेजी शराब 07 पाव कुल15.840 बल्क लीटरकीमत ₹10,280
:अभियान का
“चेतना विरुद्ध नशा व प्रहार अभियान” के तहत यह कार्रवाई की गई।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजनेश सिंह (भा.पु.से.) के निर्देश पर पुलिस लगातार जिले के ग्रामीण और अर्ध-शहरी इलाकों में अवैध शराब कारोबारियों पर निगरानी रख रही है।
कानूनी कार्रवाई
- आरोपी – हिमांशु गुप्ता (42 वर्ष)
- निवासी – बेलगहना, थाना कोटा
- धाराएं – धारा 34(2) छत्तीसगढ़ आबकारी अधिनियम
- बरामद शराब – 15.840 लीटर
- अनुमानित मूल्य – ₹10,280
- गिरफ्तारी दिनांक – 06 अक्टूबर 2025
- स्थिति – न्यायिक रिमांड पर भेजा गया
पुलिस की रणनीति : अब निगरानी ड्रोन और सीक्रेट नेटवर्क से
सूत्रों के अनुसार बेलगहना, कोटा और आसपास के ग्रामीण इलाकों में अवैध शराब की छोटी यूनिटें सक्रिय हैं।
पुलिस ने अब ड्रोन सर्विलांस और मुखबिर नेटवर्क को मजबूत किया है ताकि खेतों, शेडों और घरों में दबाकर रखे स्टॉक को पकड़ सकें।
“हमने नशा प्रहार अभियान के तहत गांव-गांव निगरानी बढ़ा दी है। जमीन में छिपाई गई शराब की यह पहली बरामदगी है।”
नूपुर उपाध्याय, एसडीओपी कोटा
जमीन के नीचे छिपाने का यह ‘मॉडल’ नया नहीं
छत्तीसगढ़ के कई जिलों में पिछले कुछ वर्षों में अवैध शराब कारोबारियों ने
- खेतों की मेड़, दीवारों के अंदर, और नालियों के नीचे शराब गाड़ने की नई तकनीक अपनाई है।
- इससे पुलिस की नियमित तलाशी टीम को भ्रमित किया जा सके।
- ऐसे छिपे हुए स्टॉक की पहचान अब थर्मल कैमरा और मेटल डिटेक्टर आधारित सर्चिंग से की जा रही है।



