सीपत थाना क्षेत्र में ओवरटेक को लेकर शुरू हुआ मामूली विवाद हिंसक झड़प में बदल गया। पीड़ित ने भाजपा से जुड़े एक स्थानीय नेता समेत तीन लोगों पर मारपीट, धमकी और मोबाइल तोड़ने का आरोप लगाया है। वहीं पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े किए गए हैं।
बिलासपुर।
जिले के सीपत थाना क्षेत्र में सड़क पर ओवरटेक को लेकर शुरू हुआ विवाद गंभीर मारपीट में बदल गया। पीड़ित शिवाजी पाटनवार ने आरोप लगाया है कि 22 अप्रैल की सुबह करीब 10 बजे वे अपनी बाइक से बिटकुला से बिलासपुर की ओर जा रहे थे, तभी एक कार चालक ने लापरवाहीपूर्वक ओवरटेक करते हुए उनकी बाइक को पीछे से टक्कर मार दी।
पीड़ित के मुताबिक, जब उन्होंने इसका विरोध किया तो कार चालक तामेश्वर कौशिक, जो खुद को भाजपा का जिला संयोजक बताते हैं, अपने बेटे राजेश कौशिक और एक अन्य व्यक्ति के साथ मिलकर उन्हें रोक लिया। इसके बाद तीनों ने उनके साथ मारपीट की। आरोप है कि इस दौरान आरोपियों ने उनकी गाड़ी जलाने और जान से मारने की धमकी भी दी।
मोबाइल छीनकर तोड़ा, वीडियो बनाने से रोका
घटना के दौरान जब शिवाजी पाटनवार ने अपने मोबाइल से वीडियो बनाने की कोशिश की, तो आरोपियों ने उनका मोबाइल छीनकर जमीन पर पटक दिया, जिससे वह टूट गया।
पुलिस पर कार्रवाई नहीं करने का आरोप
पीड़ित किसी तरह मौके से निकलकर सीपत थाने पहुंचे, लेकिन उनका आरोप है कि पुलिस ने उनकी शिकायत पर उचित कार्रवाई नहीं की। उल्टा, कार चालक की ओर से उन पर ही झूठा आरोप लगाकर एफआईआर दर्ज कर ली गई।
पीड़ित का कहना है कि उनके आवेदन को “हस्तक्षेप योग्य नहीं” बताते हुए उन्हें न्यायालय जाने की सलाह दी गई, जिससे वे खुद को न्याय से वंचित महसूस कर रहे हैं।
सीसीटीवी जांच की मांग, निष्पक्ष कार्रवाई की अपील
शिवाजी पाटनवार ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि घटना स्थल के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज की जांच कर सच्चाई सामने लाई जाए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए।

