बिलासपुर। शहर के सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र में दहशत फैलाने वाली वारदात सामने आई है, जहां मामूली 500 रुपए की मांग ने खौफनाक हिंसा का रूप ले लिया। शराब के लिए पैसे नहीं मिलने पर आरोपी ने घर में घुसकर महिलाओं पर हमला बोल दिया—हाथ-मुक्कों से बेरहमी से पीटा, गालियां दीं और फिर लोहे के धारदार चापड़ से वार कर लहूलुहान कर दिया। हैवानियत यहीं नहीं रुकी, आरोपी ने प्रार्थिया के पैर को दांत से काटकर जख्मी कर दिया।
घटना का पूरा खौफनाक घटनाक्रम
थाना सिटी कोतवाली क्षेत्र के कतियापारा में 6 अप्रैल 2026 की रात करीब 7:30 बजे यह सनसनीखेज घटना हुई। आरोपी अभय पाण्डेय (26 वर्ष) निवासी टेंगनमाडा चौकी बेलगहना थाना कोटा, वर्तमान में उदई चौक कतियापारा में रह रहा था।
प्रार्थिया के अनुसार, आरोपी उसके घर में जबरन घुसा और शराब पीने के लिए 500 रुपए मांगने लगा। पैसे देने से इनकार करते ही वह आगबबूला हो गया। आरोपी ने घर के भीतर ही मां-बहन की अश्लील गालियां देना शुरू कर दिया।
जब प्रार्थिया, उसकी बहन और भाभी ने विरोध किया, तो आरोपी ने बेकाबू होकर तीनों पर हमला कर दिया। पहले हाथ-मुक्कों से मारपीट की और फिर अपने पास रखे लोहे के धारदार चापड़ से हमला कर उन्हें घायल कर दिया। इस दौरान उसने प्रार्थिया के पैर को दांत से काटकर गंभीर चोट पहुंचाई।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई, आरोपी गिरफ्तार
घटना के बाद प्रार्थिया ने 7 अप्रैल 2026 को थाना सिटी कोतवाली पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने अपराध क्रमांक 231/26 के तहत धारा 119(1), 333, 296, 115(2), 351(3) बीएनएस में मामला दर्ज किया।
त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने आरोपी को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की, जहां उसने जुर्म करना स्वीकार कर लिया। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त धारदार लोहे का चापड़ भी जप्त कर लिया है।
⚖️ आर्म्स एक्ट की धाराएं भी जोड़ी गईं
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने आरोपी पर आर्म्स एक्ट की धारा 25 और 27 भी जोड़ दी है। इसके बाद विधिवत गिरफ्तारी कर आरोपी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
आरोपी
नाम: अभय पाण्डेय
पिता: कृष्ण दत्त पाण्डेय
उम्र: 26 वर्ष
निवासी: टेंगनमाडा, चौकी बेलगहना, थाना कोटा
वर्तमान पता: उदई चौक, कतियापारा, थाना सिटी कोतवाली, बिलासपुर
इस पूरी घटना ने कतियापारा इलाके में सनसनी फैला दी है, जहां एक छोटी सी रकम के विवाद ने हिंसा की ऐसी भयावह तस्वीर सामने रख दी।

